आपको सभी मेरा नमस्कार,
जय माता दी, जय महाकाल
इंसान ज़ब जन्म लेता है तब उसके पास सांस होती है लेकिन नाम नहीं होता है.
और ज़ब वह इस नश्वर दुनिया को छोड़कर शिव धाम को जाता तब उसके पास नाम - जीवन मे क्या नाम कमाया होता है
लेकिन
सांसे नहीं होती
इसीलिए कोशिश करो की सर रतन टाटा की तरह लोग आपको रूपये की कमाई से नहीं
जनता की भलाई के याद करे.
आपका प्रिय
दशरथ चौधरी
