सफर तो यह तय करना ही है
चाहो तो मुस्कुराके के किजीये
या अधूरे मन से किजीये
सफर यह
एजुकेशन का भी है
कमाई का भी है
लड़ाई का भी है
मुहब्बत का भी है
नफ़रत का भी है
दुनिया को समझने का भी है
इस सफर मे दोस्त भी है
दुश्मन भी है,बेवफा भी है
वफादार भी है
जीवन का सफर ऐसा ही है
प्यार ही सबसे बड़ा साथी है
बाकी सब बाराती है..
Originally Composed by Dashrath Chaudhari 9405840139
Date - 22 November 2025
Day - Saturday
Time - 19:47 Night
Place - Nifad in Train
Nashik

